Hindi Kavita
हिंदी कविता
Chakravyuh : Kunwar Narayan
कुँवर नारायण की कविता संग्रह: चक्रव्यूह - ओस-नहाई रात
ईश्वर का मनोवैज्ञानिक रूप
तुम इस जीवन के आगे मेरा निदान निश्चय हो,
घबरा कर जिसे रचा है वह महाशक्ति संचय हो,
है वहाँ काल का भय भी
मेरे साहस के उद्गम! तुम मेरा अन्तिम भय हो!
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